प्रकार, स्थान, मूल्य और भुगतान न करने के आधार पर चेक का वर्गीकरण जानें -Know The Classification Of Cheques Based on Types, Location, Price And Dis-payment

चेक क्या है- WHAT IS CHEQUE

चेक एक कागज़ है, है न? कागज़ ही तो है l भले ही उसकी वैल्यू लाखों की हो सकती है पर चेक एक कागज़ ही है l no its not true but चेक बैंक द्वारा account holder को दिया जाने वाला वह भुगतान का साधन है जिससे ग्राहक किसी अगले व्यक्ति को अपने account से direct cash न देकर भुगतान कर सकता है l

cheque
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Chequeमें आप किसे पैसे दे रहे हैं, उनका नाम लिखना होता है (वह किसी व्यक्ति का नाम भी हो सकता है या किसी फर्म का ) l Cheque में आपको यह भी भरना होता है कि आप कितने पैसे उस व्यक्ति को दे रहे हैं (शब्द और संख्या में), कब दे रहे हैं (Date) और अंत में आपको सिग्नेचर करना पड़ता है l आप जिसको Cheque देंगे वह अपने account में चेक डाल देता है और आपने जितना ammount उसे दिया था वो उसके account में transfer हो जाता है l

📄Types of Cheques

चेक मुख्यतः तीन प्रकार के होते हैं :

 खुला चेक (Open Cheque)

खुला चेक वह cheque होता है जिसे bank में प्रस्तुत कर account पर ही नकद प्राप्त किया जा सकता है l Clarence के लिए आपको इंतज़ार करने की जरुरत नहीं है l गीव एंड टेकओपन चेक को धारण करने वाला व्यक्ति counter में जा कर, cheque दिखाकर पैसे ले सकता है और या तो अपने account में पैसे को ट्रान्सफर कर सकता है या चेक के पीछे signature कर के किसी अन्य व्यक्ति को प्राधिकृत (authorize) कर सकता है.

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बेयरर चेक (Bearer Cheque)

बेयरर चेक वह cheque है जो खाताधारी (account holder) का कोई भी प्रतिनिधि बैंक में जाकर भुना सकता है l प्रतिनिधि को cheque देते समय चेक के पीछे signature करने की आवश्यकता नहीं होती एवं मात्र cheque दे देने से निकासी हो जाती है l ये cheque risky भी हो सकते हैं क्योंकि अगर यह चेक अगर भुला गया तो कोई भी bank जा कर इसे भुना सकता है l

 क्रॉस्ड चेक (Crossed Cheque)

क्रॉस्ड चेक किसी विशेष व्यक्ति या संस्था के नाम से लिखा जाता है और ऊपर बायीं ओर दो समानांतर लाइनें खींच दी जाती हैं जिनके बीच “& CO.” or “Account Payee” or “Not Negotiable” लिखा या नहीं भी लिखा जा सकता है l इस cheque से नकद निकासी नहीं होती और सम्बंधित राशि केवल नामित व्यक्ति/संस्था के खाते में हो सकती है l

cheque
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📄Classification Of Cheques By Location

आदेश चेक (Order Cheque)u

इस चेक में “bearer” शब्द को काट दिया जाता है और उसके स्थान पर “order” लिख दिया जाता है l इसमें खुले चेक की तरह चेक से अपने account में पैसे को transfer कर सकता है या चेक के पीछे हस्ताक्षर कर के किसी अन्य व्यक्ति को प्राधिकृत (authorize) कर सकता है l

 स्थानीय चेक (Local Cheque)

यदि City A का चेक City A में ही clear हो तो इसे स्थानीय cheque कहते हैं l जैसे आपको यदि मैंने आपके नाम पर cheque दिया, तो आपको उस cheque को लेकर शहर के ही सम्बंधित ब्रांच में जाना पड़ेगा, आप शहर से बाहर ले कर उसे clear करवाओगे तो आपको अलग से पैसे लगेंगे (fixed banking charges).

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आउटस्टेशन चेक (Outstation Cheque)

यदि स्थानीय cheque को शहर से बाहर ले जाकर clear कराया जाए तो वह चेक आउटस्टेशन चेक कहलायेगा जिसके लिए बैंक फिक्स्ड चार्जेज लेती है.

 एट पार चेक (At par Cheque)

यह ऐसा cheque है जो पूरे देश में सबंधित bank के सभी ब्रांचों में स्वीकार्य है और ख़ास बात यह है कि बाहर के ब्रांचों में इसे clear करने के दौरान अतिरिक्त प्रभार नहीं लगता (no additional charges) l

cheque-book
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📄Classification Of Cheques By Price

  • साधारण मूल्य वाले चेक – 1 लाख से कम मूल्य वाले चेक नॉर्मल वैल्यू चेक कहलाते हैं l
  • ऊँचे मूल्य वाले चेक – 1 लाख से ऊपर वाले चेक हाई वैल्यू चेक कहलाते हैं l
  • उपहार चेक -अपने प्रिय जनों को उपहारस्वरूप दिए जाने वाले चेक गिफ्ट चेक कहलाते हैं l उपहार चेकों की राशि 100 रु. से लेकर 10,000 रु. तक हो सकती है l

Classification of cheques Based on guarantee dis-payment

  1. सेल्फ चेक (Self Cheque) : सेल्फ cheque वह होता है जिसे खाताधारी बैंक में प्रत्यक्ष भुगतान के लिए स्वयं प्रस्तुत करता है l इसमें भुगतान पाने वाले के नाम की जगह पर “Self” लिखा जाता है l
  2. आगे की तारीख वाला चेक (Post-dated Cheque “PDC”) : आगे की तिथि में भुगतान वाला cheque एक ऐसा क्रॉस किया हुआ बेयरर चेक होता जिसमें आगे की तिथि अंकित की जाती है l इसका अर्थ यह हुआ है कि इस cheque का भुगतान अंकित तिथि या उसके बाद हो सकता है l
  3. पीछे की तारीख वाला चेक (Ante-dated Cheque “ADC”) : इस चेक में बैंक में प्रस्तुत करने के पहले की तिथि होती है l यह चेक अंतिम तिथि से तीन महिना के पूरा होने के तक भुनाया जा सकता है l
  4. काल बाधित चेक (Stale Cheque) : हर चेक को उसमें अंकित तिथि के तीन महीने के अन्दर-अन्दर भुनाने का नियम है l यदि यह तिथि पार हो जाती है काल बाधित cheque कहलाता है जो बैंक के द्वारा स्वीकार नहीं किया जाता है l